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  • मिट्टी के बर्तन बनाने वाले एक कुम्हार से खास बातचीत
    दीपावली के त्यौहार की खुशियां बांटने बाजार सजने लगा है खरीददारी के लिए लोग घरों से निकल रहे हैं इन तस्वीरों में नजर आ रहा है की दुकानदार अपनी दुकानों को सजा रहे हैं और अपनी वस्तुओं को बेचने के लिए गांव से भी लोग शहरों की ओर रुख कर रहे हैं और सड़क किनारे जहां जगह मिली दुकान लगाकर अपनी आजीविका के लिए मेहनत कर रहे हैं | यह है जेठाराम चक्रधारी आरंग विधानसभा क्षेत्र के ग्राम कुरूद कुटेला के रहने वाले हैं अपने पूरे परिवार के साथ मिट्टी के दीए बेचने राजधानी रायपुर पहुंचे हैं | मात्र ₹10 प्रति दर्जन की कीमत पर यह मिट्टी के दीए बेचने वाला कुम्हार परिवार 4 दिनों तक राजधानी में रहकर आजीविका की व्यवस्था करने में लगा है | जेठू राम चक्रधारी ने सीजी 24 न्यूज़ से बात करते हुए बताया कि पत्नी के अलावा उनके तीन बेटे एक बहू और एक नाती है | समय त्यौहार और मौसम के अनुसार यह मिट्टी के अलग-अलग तरह के बर्तन बनाकर अपनी आजीविका चलाते हैं | जेठू राम चक्रधारी को केंद्र एवं राज्य सरकार की किसी भी योजना के बारे में कोई जानकारी नहीं है और ना ही आज तक उन्होंने कोई लाभ लिया है | अपनी मेहनत और अपनी कला हुनर और परिवार के सहयोग से अपना एवं अपने परिवार का भरण पोषण करते हैं | बातचीत में उन्होंने बताया कि वे मंत्री शिव लहरिया को जानते हैं वह उनके क्षेत्र के विधायक और मंत्री हैं परंतु उनके पास कभी कोई सहायता के लिए नहीं गए हैं | सीजी 24 न्यूज़ चैनल आम लोगों से अपील करता है कि वह स्थानीय लोगों के द्वारा निर्मित वस्तुओं का उपयोग कर अपना त्यौहार मनाए जिससे मेहनतकश, मजदूर अपनी कला कौशल से निर्मित आम लोगों के उपयोग में आने वाली एवं सजावट की वस्तुएं बेचकर उसका लाभ प्राप्त कर सकें और त्यौहार की खुशियां मना सकें |
  •  राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके 01 नवम्बर को राज्य अलंकरण  एवं राज्योत्सव समापन समारोह की मुख्य अतिथि होंगी

    रायपुर : राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके 01 नवम्बर को राज्य अलंकरण  एवं राज्योत्सव समापन समारोह की मुख्य अतिथि होंगी

     

    समारोह की अध्यक्षता करेंगे मुख्यमंत्री श्री बघेल 

    रायपुर के साईंस कॉलेज मैदान में शाम 6 बजे आयोजित होगा समारोह 

    रायपुर, 31 अक्टूबर 2021

     छत्तीसगढ़ की राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर 1 नवंबर को शाम 6 बजे राजधानी रायपुर के साईंस कॉलेज मैदान में आयोजित राज्य अलंकरण एवं राज्योत्सव समापन समारोह की मुख्य अतिथि होंगी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल समारोह की अध्यक्षता करेंगे। 

    समारोह में गृह एवं पर्यटन मंत्री ताम्रध्वज साहू, स्वास्थ्य मंत्री टी.एस. सिंहदेव, कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे, छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक, आदिवासी विकास मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, वन मंत्री  मोहम्मद अकबर, उद्योग मंत्री कवासी लखमा, नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अनिला भेंड़िया, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री जयसिंह अग्रवाल, लोक स्वास्थ्य एवं यांत्रिकी मंत्री गुरू रूद्रकुमार, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री उमेश पटेल, संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत, लोकसभा सांसद सुनील सोनी, संसदीय सचिव चिंतामणि महाराज, विकास उपाध्याय, कुंवरसिंह निषाद, द्वारिकाधीश यादव, विधायक सत्यनारायण शर्मा,  धनेंद्र साहू, बृजमोहन अग्रवाल, कुलदीप जुनेजा विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम में समस्त सांसद, विधायक, संसदीय सचिव, निगम, मंडल, आयोग, जिला पंचायत के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष तथा नगर निगमों के महापौरों की गरिमामय उपस्थिति रहेगी। 
    क्रमांक-4408/प्रेम

     

  • राज्य उत्सव के शुभारंभ की जगह समापन क्यों ?
    नवंबर को राज्योत्सव शुरू होता है या समापन समारोह मनाया जाता है ? समझ नही आ रहा | छत्तीसगढ़ राज्य का स्थापना दिवस राज्योत्सव के रूप में हर वर्ष उसके स्थापना दिवस 1 नवंबर के अवसर पर लगातार मनाया जा रहा है जो कि 1 तारीख से शुरू होकर सप्ताह भर चलता था बाद में इसे कम करके 3 दिन का किया गया - परंतु इस बार राज्य सरकार अदूरदर्शिता का परिचय देते हुए राज्य स्थापना दिवस को राज्योत्सव समापन दिवस के रूप में मना रही है | छत्तीसगढ़ की भूपेश बघेल सरकार द्वारा 28 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक 3 दिन का आदिवासी नृत्य महोत्सव मनाया गया उसके बाद 31 अक्टूबर को कोई आयोजन नहीं हुआ और राज्य स्थापना दिवस 1 नवंबर के अवसर पर राज्य अलंकरण समारोह के साथ ही राज्योत्सव का समापन समारोह मनाया जा रहा है| नियमानुसार अब तक हर वर्ष 1 नवंबर को राज्योत्सव का आगाज होता था जो 7 दिन चलता था जिसे बाद में 3 दिन का किया गया परंतु इस बार 1 तारीख को राजस्व का आगाज ना कर समापन समारोह मनाना आश्चर्य का विषय है | 2017 - 2018 और 2019 के राज्य उत्सव का छत्तीसगढ़ जनसंपर्क की वेबसाइट से डिटेल का उल्लेख भी हमने उल्लेखित किया है जो इस बात का प्रमाण है कि कभी भी राज्य उत्सव का समापन 1 नवंबर को नहीं हुआ |
  • *क्रिकेट में पाकिस्तान की जीत पर जश्न मनाने वालों पर यूएपीए की धाराओं के अंतर्गत कार्रवाई शुरू*
    *क्रिकेट में पाकिस्तान की जीत पर जश्न मनाने वालों पर यूएपीए की धाराओं के अंतर्गत कार्रवाई शुरू* UAPA आतंकवाद विरोधी कानून इस धारा के अंतर्गत आरोपियों को जमानत मिलना बहुत मुश्किल होता है | भारत का खाने वाले, भारत में रहने वाले, भारत में पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं पढ़ लिख कर किस आधार पर भारतीय सैनिकों का इलाज करेंगे ? कैसे भरोसा करेगा देश इन पर कि डॉक्टर बनकर यह लोग भारतीय सैनिकों का इलाज मन से करेंगे ? उल्लेखनीय है कि भारत पाकिस्तान के मैच में भारत की हार पर कश्मीर में मेडिकल कॉलेज की छात्राओं ने जश्न मनाया उसके अलावा अन्य कई जगहों पर कुछ लोगों ने भारत विरोधी नारे लगाए और पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाकर जश्न मनाया| जिसे देश विरोधी गतिविधियों की श्रेणी में लाकर ऐसे लोगों पर (यूएपीए) आतंक विरोधी कानून के तहत कार्रवाई यहां शुरू हो गई है और जिसको लेकर कश्मीर के अलगाववादी नेता विरोध के रूप में सामने आने लग गए हैं |
  • प्रदेश में हुक्का बार पूरी तरह प्रतिबंधित
    *आईजी. - एस पी कांफ्रेंस* मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की दो टूक, प्रदेश में हुक्का बार पूरी तरह प्रतिबंधित हों। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने दिए कड़े निर्देश, प्रदेश में नशे के कारोबार को पनपने न दिया जाए। पुलिस अधीक्षक करें कड़ी कार्यवाही। दूसरे राज्यों से आ रहे नशीले पदार्थ छत्तीसगढ़ में नहीं घुसने चाहिए। उन्होंने कहा कि गाँजे की एक पत्ती भी दूसरे राज्य से छत्तीसगढ़ में नहीं घुसने देना चाहिए।
  • महतवपूर्ण खबरें एक नजर में
    1 . वैक्सीनेशन मामले में भारत दुनिया में दूसरे नंबर पर 2. मुंबई क्रूज मामले में अनन्या पांडे से 2 घंटे पूछताछ आज एनसीबी ने फिर बुलाया 3. कवर्धा धार्मिक विवाद की पड़ताल करने वकीलों का एक प्रतिनिधिमंडल कवर्धा जाकर मिलेगा पीड़ितों से जाने का वस्तुस्थिति 4. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज आईजी और एसपी के साथ प्रदेश की कानून व्यवस्था पर करेंगे समीक्षा 5 आबकारी मंत्री कवासी लखमा का रटा रटाया जवाब - नोटबंदी की तरह अचानक लागू नहीं होगी शराबबंदी यह कहते कहते 3 साल बीत गए शराब बंद करेंगे कि नहीं कमेटी भी निर्णय नहीं ले पा रही 6. स्कूल में शिक्षक नहीं बच्चों ने की हड़ताल किया नेशनल हाईवे जाम सूचना पर कलेक्टर तारण प्रकाश सिन्हा ने भेजें 2 शिक्षक 7. बाजारों में त्योहारी सीजन पर भीड़ भाड़ सड़कों पर जाम को लेकर व्यापारी खुद सामने आए व्यापारी संघ ने दुकानदारों को दिया नोटिस सामान सड़क पर फैला कर यातायात जाम ना करें व्यापारी संघ के वालंटियर संभालेंगे व्यवस्था 8. 5 करोड़ 52 लाख रुपए की अवैध विदेशी सिगरेट का जखीरा बरामद - राजधानी के लाखेनगर का महेश गोवानी गिरफतार , गया जेल : खुफिया राजस्व निदेशालय की कार्यवाही 9. राजधानी में पटाखा दुकान के लिए लाटरी आज 10. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पर जताया भरोसा : कहा सोशल मीडिया में भ्रामक खबरों का रहता है डर 11. चोरों के हौसले बुलंद, शहर में लगातार हो रही है चोरियां - राजधानी कैसा मार्केट चार दुकानों में एक साथ चोरी 12. शासकीय स्कूलों में यूनिफार्म का वितरण नहीं : बिना यूनिफार्म आ रहे छात्र छात्राएं जिलों में लॉ एंड आर्डर , कानून व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी कलेक्टरों पर : कलेक्टर्स कान्फ्रेंस में मुख्यमंत्री का फैसला T 20 भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले क्रिकेट मैच को लेकर पूरी दुनिया में उत्सुकता : 24 अक्टूबर को होना है मैच ऑनलाइन ठगी का फैलता नेटवर्क सावधान रहें किसी के झांसे में ना आएं फोन पर लेनदेन से बचें : राजधानी में महिला से 1 लाख 25 हजार की ऑनलाइन ठगी , शासन प्रशासन के तमाम जागरूकता अभियान के बावजूद लोग आ रहे ठगों के झांसे में - नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस सुरक्षा के साथ-साथ भटके हुए लोगों को मुख्यधारा में जोड़ने का काम कर रही - राज्यपाल अनुसुइया उइके प्रभु पार्श्वनाथ की भव्य शोभायात्रा : ऋषभदेव मंदिर सदर बाजार से समाज ने निकाला भव्य वरघोड़ा
  • महंगी सब्जियों के विरोध में कांग्रेस का 22 अक्टूबर को अनोखा प्रदर्शन
    महंगाई के विरोध में,बढ़ती सब्जियों के दामों के विरोध में, महिलाओं की रसोई की तकलीफों के विरोध में छत्तीसगढ़ कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी पी एल पुनिया, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल एवं प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम के आव्हान पर प्रदेश कांग्रेस के सभी सांसद विधायक मंत्री जनप्रतिनिधि अपने अपने क्षेत्र में सुबह 8:00 बजे सब्जी मार्केट ठेलों, चौराहों पर महंगी सब्जियों को खरीदने की और महंगी सब्जी होने के कारण लोन देने उधारी देने जैसे वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर नए तरह का विरोध करेंगे | यह विरोध प्रदर्शन सभी कांग्रेसियों के लिए अनिवार्य किया गया है जिसमें 22 oct. शुक्रवार सुबह *8 बजे* से देश में बेतहाशा बढ़ते सब्ज़ियों के भाव के विरोध में छतीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस व्यंग्यात्मक तरीक़े से एक अभियान चला विरोध प्रदर्शन करेगी , सभी जनप्रतिनिधि अकेले झोला ले अपने नज़दीकी सब्ज़ी मंडी जाएँगे व वहाँ सब्ज़ी वाले से 60-70 ₹/ किलो टमाटर लेते हुए सेल्फ़ी या फ़ोटो ले सभी सोशल मीडिया प्लेफ़ार्म जैसे फ़ेसबुक,ट्विटर,वाट्स एप, इंस्टाग्राम में *#अच्छे_दिन* व कुछ व्यंग्यात्मक टिप्पणी के साथ अपनी फ़ोटो जनता के साथ साझा करेंगे। सब्ज़ी वाले से व्यंग्यात्मक तौर पर सब्ज़ी *लोन/किश्त/उधार* पर देने हेतु आग्रह कर व उसका विडियो बना जनता के साथ साझा करने का प्लान है प्रदेश कांग्रेस के अनुसार इस कैमपेन में प्रदेश के सभी सांसद गण,मंत्री,विधायक,महापौर,पार्षद,प्रदेश कांग्रेस, जिला कांग्रेस,शहर कांग्रेस,ग्रामीण कांग्रेस,ब्लॉक कांग्रेस,युवक कांग्रेस,NSUI,महिला कांग्रेस,सेवादल,आइ.टी सेल,किसान कांग्रेस सभी मोर्चा,प्रकोष्ठ के सम्मानिय पदाधिकारिगणों व सभी कार्यकर्ताओं को अनिवार्य रूप से भाग लेंगे। अब देखने वाली बात यह है कि कांग्रेस के इस नए तरह के आंदोलन से जो सोशल मीडिया के माध्यम से जन-जन तक पहुंचेगा, सभी कांग्रेसी हर तरह से अपने अपने स्तर पर प्रचार प्रसार करेंगे, सोशल मीडिया में चलने वाले विरोध प्रदर्शन से केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर क्या असर पड़ेगा | CG 24 News-Singhotra
  • ना शराब बंदी हुई ना ही उद्योगों के प्रदूषण फैलाने उगलने पर रोक लगी ?  - कांग्रेस के 34 माह का कार्यकाल

    उद्योग एवं आबकारी मंत्री कवासी लखमा - 34 माह का कार्यकाल

    ना शराब बंदी हुई ना ही उद्योगों के प्रदूषण फैलाने - उगलने पर रोक लगी

    सत्ता में आने से पहले कांग्रेस का मंत्री कवासी लखमा के विभाग से संबंधित मुख्य मुद्दा था शराबबंदी और इसके साथ ही बड़े उद्योगों द्वारा फैलाए जा रहे प्रदूषण को रोकना 

    दिसंबर 2019 से सत्ता में आने के बाद कांग्रेस के कार्यकाल को 3 साल पूरे होने वाले हैं परंतु ना तो शराब बंदी पर कोई निर्णय हुआ और ना ही बड़े उद्योगों द्वारा फैलाए जा रहे प्रदूषण पर रोक लगी

    आबकारी मंत्री मीडिया से हमेशा एक ही बात कहते हैं कि शराबबंदी के लिए कमेटी बना दी गई है, पर यह समझ में यह नहीं आता कि कमेटी 3 साल में भी कोई फैसला या निर्णय नहीं ले पाई तो क्यों ? और दूसरी तरफ यह बात है कि अगर कमेटी ही बनानी थी तो ऐसी कमेटी आप ने सत्ता में आने से पहले क्यों नहीं बनाई ? आपको अंदाजा होना चाहिए था कि अगर आप सत्ता में आएंगे तो क्या क्या हो सकता है ? क्या क्या सवाल खड़े हो सकते हैं ?  राजस्व की कमी को लेकर कोई बात आ सकती है या शराबबंदी करने से प्रदेश में किस तरह की परेशानियां आ सकती हैं ? इस बारे में पहले से ही हर विषय पर तैयारियां पूर्ण कर लेनी चाहिए थी | परंतु उस समय यह सब सोचा नहीं और अगर अब  सोच भी रहे हैं तो 3 साल का लंबा समय व्यतीत हो गया और निर्णय नहीं आ पाया | 

    प्रदूषण की बात कहे तो इंडस्ट्री एरिया में बड़े उद्योग लगातार चिमनियों से काला धुआं उगल रहे हैं, जिससे लगभग 20 किलोमीटर क्षेत्र में खेती पर असर पड़ रहा है, लोगों के स्वास्थ्य पर असर पड़ रहा है, दमा खांसी सहित स्किन की अनेक बीमारियां फैल रही हैं परंतु उन पर रोक नहीं लग पाई है | जिन उद्योगपतियों ने अपनी फैक्ट्री में चिमनियों से धुआं रोकने की मशीनें लगा रखी हैं वह भी बंद पड़ी है |

    बिजली की दरों से उद्योगपति परेशान हैं अर्थात कहा जाए तो पिछले शासन और इस शासन में कोई अंतर नहीं आया |

    प्रदेश के आबकारी एवं उद्योग मंत्री कवासी लखमा मीडिया के सामने अधिकारियों को निर्देशित तो करते हैं परंतु मुड़कर यह नहीं देखते कि उनके निर्देशों का पालन हो भी रहा है या नहीं |

    इसे यूं भी समझा जा सकता है कि मंत्री जी अधिकारियों को समझा कर रखे होंगे कि मैं मीडिया के सामने, शिकायत आने पर शिकायतकर्ता के सामने, उद्योग पतियों के सामने या विपक्ष के सामने आप लोगों को जमकर डांट लगाऊंगा परंतु यह डांट सिर्फ दिखावे की होगी !

    बहरहाल यदि शासन-प्रशासन इसी तरह चलता रहा तो अगले चुनाव में कांग्रेस के लिए परेशानियां खड़ी हो सकती हैं !

  • छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री बदलना कांग्रेस हाईकमान के लिए संभव नहीं !

    छत्तीसगढ़ में अढ़ाई साल के मुख्यमंत्री का मामला

    बेस्ट परफॉर्मिंग मुख्यमंत्री घोषित होने के बाद कांग्रेस हाईकमान भूपेश बघेल को कैसे हटाएगा ?

    अढ़ाई साल में छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री बदलने की बातें हवा हवाई साबित हो रही हैं,

    मीडिया में चर्चा को लेकर भाजपा ने इस मामले को तूल देने की कोशिश की, भाजपा प्रवक्ता अजय चंद्राकर गाहे-बगाहे कभी ट्विटर पर तो कभी इस मामले में बयान जारी कर स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंह देव को उकसाने की कोशिश करते रहे, जिसके बाद टीएस सिंहदेव सक्रिय हुए, कई बार दिल्ली गए, कई कोशिशों के बाद आलाकमान से चर्चा हुई, चर्चा में क्या बात हुई यह सामने नहीं आया परंतु टीएस बाबा मुख्यमंत्री बनाए जाने के प्रति आश्वस्त दिखे |

    मीडिया के सामने उन्होंने स्पष्ट कहा कि सोनिया और राहुल पर पूरे देश की जिम्मेदारी है कोई बड़ा निर्णय लेने में समय लगता है | एक बयान में उन्होंने यह भी कहा कि परिवर्तन निरंतर प्रक्रिया है यही एक चीज है जो स्थाई नहीं रहती |

    दिल्ली दरबार की हलचल को भांपकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अपनी ताकत और समर्थन दिखाने 55 से 60 विधायकों सहित कई महापौर एवं मंडल आयोग के अध्यक्षों को दिल्ली भेजा और वे स्वयं भी राहुल प्रियंका से मिले,

    दिल्ली में राहुल प्रियंका से लंबी बातचीत के बाद मीडिया के सामने प्रदेश प्रभारी पीएल पुनिया के सामने उन्होंने स्पष्ट बयान दिया कि अढ़ाई साल की कोई बात नहीं है और ना ही मुख्यमंत्री बदली होने जैसी कोई बात है | उसके बावजूद कुछ दिनों बाद अनेक विधायक फिर दिल्ली दरबार में एकत्रित हुए | वहीं दूसरी तरफ स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव अढ़ाई साल का मुख्यमंत्री बनने लगातार प्रयासरत हैं, बार-बार दिल्ली जाते हैं, मीडिया के सामने बयान देते हुए आशान्वित भी नजर आते हैं |

     

    अब आते हैं मुख्य विषय पर कि यदि टीएस सिंहदेव को कोई आश्वासन मिला है तो वह कब पूरा होगा ? यदि भूपेश बघेल ने राहुल गांधी के छत्तीसगढ़ आने की बात कही तो वह क्यों नहीं आए ? या कब आएंगे तिथि निर्धारित क्यों नहीं हो रही ? ऐसा लगता है इन सब के पीछे टालने की प्रक्रिया चल रही है ! इसके साथ यह भी समझना होगा कि यदि टी एस सिंहदेव को मुख्यमंत्री बनाने का आश्वासन मिला है तो कांग्रेस हाईकमान द्वारा भूपेश बघेल का कद क्यों बढ़ाया जा रहा है ? पहले असम अब उत्तर प्रदेश का मुख्य पर्यवेक्षक बनाया गया है, उनकी बनाई सभी बड़ी योजनाओं को सहमति देकर दिल्ली हाई कमान द्वारा क्रियान्वित भी किया जा रहा है |

    उनकी लोकप्रियता और कार्य करने की शैली के आधार पर सी वोटर और आईएएनएस द्वारा बेस्ट परफॉर्मिंग मुख्यमंत्री घोषित करने के बाद कांग्रेस का हाईकमान उन्हें कैसे हटाएगा ?

     

    अभी मार्च 2022 में गोवा, मणिपुर, पंजाब, यूपी और उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव होने हैं | ऐसे समय में कांग्रेस हाईकमान भूपेश बघेल को हटाकर किसी तरह का कोई रिस्क ले सकता है क्या ?

    इन चुनावों के बाद दिसंबर 2022 में गुजरात और हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने हैं, जिसकी प्रक्रिया अगस्त सितंबर से शुरू हो जाएगी, उसके बाद मार्च 23 में मेघालय - नागालैंड और त्रिपुरा फिर मई 23 में कर्नाटका और उसके बाद फिर दिसंबर 2023 में छत्तीसगढ़ मध्य प्रदेश, मिजोरम, राजस्थान, तेलंगाना में विधानसभा चुनाव होने हैं | ऐसे में छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री बदलना कांग्रेस के लिए संभव नहीं लग रहा !

    अब रही बात स्वास्थ्य मंत्री टीएस बाबा की तो बातों ही बातों में 4 महीने से ऊपर हो चुके हैं परंतु कोई निर्णय नहीं हो पा रहा कि मुख्यमंत्री बदलना है कि नहीं ! यदि कोई विवाद की स्थिति बनती भी है तो पंजाब की तरह आखरी दो चार महीनों के लिए टी एस सिंहदेव को अगर मुख्यमंत्री बना भी दिया गया तो उसका क्या औचित्य ?

    वैसे क्रिकेट और राजनीति में कभी भी कुछ भी हो सकता है कहा नहीं जा सकता

    विश्लेषक सुखबीर सिंघोत्रा रायपुर छ.ग.

  • *मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नया रायपुर में बनने वाले सेवा ग्राम का किया निरीक्षण*
    CG 24 News के लिए Lavinderpal की रिपोर्ट *वर्धा की तर्ज पर नवा रायपुर में स्थापित होगा 21 वीं सदी का सेवा-ग्राम* *मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नया रायपुर में बनने वाले सेवा ग्राम का किया निरीक्षण* *सेवा ग्राम के लिए 76.5 एकड़ की जमीन चिन्हांकित* *महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज की परिकल्पना के अनुरूप कार्यों को आगे बढ़ाएगी परियोजना* *सेवा ग्राम में बुजुर्गों के लिए ’दूसरा घर’ और वंचितों के लिए स्कूल भी किया जाएगा स्थापित* रायपुर, 19 अक्टूबर 2021/ आजादी के 75वें वर्ष में आजादी की लड़ाई के मूल्यों, सिद्धांतों, आदर्शों तथा महात्मा गांधी की ग्राम-स्वराज की संकल्पना को अक्षुण्ण रखने के लिए नवा-रायपुर में भी वर्धा की तर्ज पर सेवा-ग्राम की स्थापना की जाएगी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज यहां नया रायपुर में बनने वाले सेवा ग्राम के लिए चिन्हांकित स्थल का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने बताया कि सेवा ग्राम के लिए नवा-रायपुर 76.5 एकड़ की जमीन चिन्हांकित की गई है। यह स्थान नया रायपुर के लेयर वन से लगा हुआ है। इस स्थल में लगभग पांच एकड़ क्षेत्र में दो नहर भी है। शेष 75 एकड़ भूमि में सेवा ग्राम बसाया जाएगा। सेवा ग्राम को इस ढंग से विकसित किया जाएगा कि वहां छत्तीसगढ़ की परंपरागत ग्रामीण भवन शैली की झलक दिखें। निर्माण कार्यों में स्थानीय स्तर पर उपलब्ध निर्माण सामग्री का उपयोग होगा। आश्रम के अंदर की सड़के भी ग्रामीण परिवेश के अनुरूप होंगी। सेवा ग्राम तक पूरा क्षेत्र हरियाली से भरपूर रहेगा। आश्रम का पूरा वातावरण आत्मिक शांति प्रदान करेगा। इस मौके पर कृषि मंत्री श्री रविन्द्र चौबे, वन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर, विधायक श्री देवेन्द्र यादव, श्री सचिन राव, अपर मुख्य सचिव श्री सुब्रत साहू, विशेष सचिव कृषि डॉ. एस. भारतीदासन, एनआरडीए के मुख्यकार्यपालन अधिकारी डॉ. फकीर भाई अय्याज तम्बोली, संचालक उद्योग श्री अनिल टुटेजा, कलेक्टर रायपुर श्री सौरभ कुमार भी उनके साथ थे। सेवा ग्राम में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने एवं आत्मनिर्भर-ग्राम की कल्पना को साकार करने के लिए सभी प्रकार के कारीगरों के प्रशिक्षण की व्यवस्था का प्रावधान भी किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि सेवा ग्राम की स्थापना के लिए 02 अक्टूबर 2021 से पहले इस संबंध में कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। गौरतलब है कि इस परियोजना के पीछे महाराष्ट्र के वर्धा में स्थित सेवाग्राम है, जिसकी स्थापना वर्ष 1936 में महात्मा गांधी और उनकी सहधर्मिणी कस्तूरबा के निवास के रूप की गई थी, ताकि वहां से वे मध्य भारत में स्वतंत्रता आंदोलन का नेतृत्व कर सकें। वर्धा का यह संस्थान महात्मा गांधी के सपनों के अनुरूप ग्रामीण भारत के पुननिर्माण का केंद्र भी था। गांधीजी का मानना था कि भारत की स्थितियों में स्थायी रूप से सुधार के लिए ग्राम-सुधार ही एकमात्र विकल्प है। अब 21वीं सदी में महात्मा गांधी के उन्हीं सपनों के अनुरूप ग्राम-सुधार के कार्य को आगे बढ़ाने के लिए नवा-रायपुर में सेवा-ग्राम की स्थापना की जा रही है। इस सेवा-ग्राम का निर्माण मिट्टी, चूना, पत्थर जैसी प्राकृतिक वस्तुओं का उपयोग करते हुए किया जाएगा। यह परियोजना गांधी-दर्शन को याद रखने और सीखने की प्रेरणा देगी। साथ ही स्वतंत्रता आंदोलन की यादों और राष्ट्रीय इतिहास को भी इसके माध्यम से जीवंत रखा जा सकेगा। रायपुर में प्रस्तावित सेवाग्राम में गांधीवादी सिद्धांतों, ग्रामीण कला और शिल्प के केंद्र विकसित किए जाएंगे, जहां अतिथि विषय-विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन दिया जाएगा। साथ ही वहां वृद्धाश्रम तथा वंचितों के लिए स्कूल भी स्थापित किए जाएंगे। इसका उद्देश्य पर्यटन के अवसरों को बढ़ा देकर, छत्तीसगढ़ की लोक कलाओं को प्रोत्साहन देकर, बुजुर्गों को दूसरा-घर देकर और वैचारिक आदान-प्रदान के लिए छत्तीसगढ़ में एक विश्वस्तरीय व्यवस्था का निर्माण करके स्थानीय लोगों का सशक्तिकरण करना है। सेवा-ग्राम में प्रस्तावित विजिटर्स सेंटर सीखने, निर्वाह करने और गांधी के सिद्धांतों का स्मरण करने का केंद्र जगह होगा। छत्तीसगढ़ अपनी विशिष्ट कला और शिल्प के लिए जाना जाता है। छत्तीसगढ़ के बस्तर, रायगढ़ और अन्य जिलों में बेल मेटल, लौह, टेराकोटा, पत्थर, कपड़े और बांस का उपयोग करके विभिन्न कलात्मक वस्तुओं का निर्माण किया जाता है। सेवाग्राम एक ऐसा स्थान होगा जहां आगंतुक स्थानीय कला और शिल्प, स्थानीय व्यंजनों को बारे में जान सकेंगे। अपनी जानकारियों और अनुभवों को साझा कर सकेंगे। सेवा ग्राम में एक ओपन थियेटर भी होगा, जहां सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
  • आर्यन खान को जेल में शाहरुख खान ने भेजा जेब खर्च
    शाहरुख ने अपने बेटे को भेजा जेब खर्च अरबों खरबों के मालिक के बेटे को डेढ़ सौ रुपए प्रतिदिन के हिसाब से करना पड़ेगा गुजारा क्रूज़ रेव पार्टी मामले में गिरफ्तार शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान की मुसीबतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं पिता शाहरुख खान द्वारा खड़े किए गए बड़े से बड़े वकील आर्यन को जमानत दिलवाने में नाकाम साबित हो रहे हैं पिछले 7 दिनों से जेल में बंद आर्यन की जमानत पर अगली सुनवाई 20 अक्टूबर को होगी | इस दौरान आर्यन का जेल में क्वारंटाइन टाइम भी पूरा हो गया है अब उसे सामान्य कैदियों की तरह 6 दिन गुजारने पड़ेंगे | अरबों खरबों के मालिक पूरी दुनिया के चहेते शाहरुख खान अपने बेटे को लेकर बहुत चिंतित हैं उन्हें यह भी अफसोस हो रहा है कि उनकी लोकप्रियता और रुपया दोनों काम नहीं आ रहा है | परेशान शाहरुख ने अपने बेटे आर्यन को जेल में वहां के नियमों के तहत 45 सौ रुपए का मनी ऑर्डर भेज कर थोड़ी बहुत सुविधाएं उपलब्ध करवाने की कोशिश की है जो कि ना काफी है लेकिन शाहरुख शासन, प्रशासन एवं जेल नियमों के कारण ज्यादा सुविधाएं उपलब्ध करवा सकने को लेकर मजबूर हैं | लाखों रुपए में प्रतिदिन खर्च करने वाले आर्यन को मात्र 150 रूप प्रति दिन खर्च करने की बाध्यता रहेगी |
  • जनसंपर्क विभाग छत्तीसगढ़ से मीडिया का नाता कट - अधिकारी कर्मचारी कलम बंद हड़ताल पर
    जनसंपर्क विभाग छत्तीसगढ़ से मीडिया का नाता कट, जनसंपर्क विभाग के नवनियुक्त संचालक सौमिल रंजन चौबे की पदस्थापना का विरोध जनसम्पर्क विभाग में कर्मचारियों ने काली पट्टी लगाकर किया काम - जनसंपर्क विभाग में अनिश्चितकालीन कलम बंद हड़ताल का पहला दिन प्रदेश राजपत्रित अधिकारी संघ ने किया पुरजोर समर्थन जनसंपर्क विभाग में संचालक पद पर सौमिल रंजन चौबे की नियुक्ति पर बवाल खड़ा हो गया है जनसंपर्क विभाग छत्तीसगढ़ के प्रमुख कार्यालय में कलम बंद हड़ताल शुरू हो गई है | अधिकारियों कर्मचारियों की हड़ताल से जनसंपर्क विभाग द्वारा राज्यपाल - मुख्यमंत्री सहित सभी विभागों की प्रमुख गतिविधियों की जानकारी मीडिया एवं आमजन तक नहीं पहुंच रही है यहां यह बताना भी आवश्यक होगा 10 अक्टूबर के बाद 11 एवं 12 अक्टूबर को डीपीआर में किसी भी तरह की कोई भी जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई है सभी विभागों के कालम ब्लैंक हैं अर्थात खाली हैं| यहां यह भी बताना अति आवश्यक है कि यह विभाग मुख्यमंत्री के अधीन हैं और मुख्यमंत्री के कार्यक्रमों की जानकारी आमजन के साथ-साथ मीडिया तक नहीं पहुंच रही है | इस विरोध प्रदर्शन पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल एवं किसी भी संबंधित अधिकारी द्वारा इस मामले पर कोई बयान सामने नहीं आया है | बताया जाता है कि सौमिल रंजन चौबे संविदा पर कार्य कर रहे हैं और उनसे वरिष्ठ नियमित अधिकारियों को दरकिनार कर इन्हें संचालक बनाने का विरोध जनसंपर्क विभाग में हो रहा है | अब देखने वाली बात यह है कि राज्यपाल मुख्यमंत्री एवं शासन की गतिविधियों एवं जानकारियों को मीडिया तक पहुंचाने वाला जनसंपर्क विभाग कब तक सामान्य हो पाता है |