सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

 सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

हेल्प डेस्क से लेकर डिजिटल भुगतान तक, पूरी व्यवस्था हुई नागरिक-केंद्रित

औसत प्रतीक्षा समय 15.33 मिनट, प्रतिदिन 64 नागरिकों को मिल रही सेवा

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी की पहल से नागरिकों को मिल रही बेहतर पंजीयन सुविधा

रायपुर, 19 सितम्बर 2026

 सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

 सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

 सेवा संकल्प अभियान : नागरिक सुविधा का मॉडल बना रायगढ़ का पंजीयन कार्यालय

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी की पहल से रायगढ़ के पंजीयन कार्यालय को आधुनिक सुविधाओं से युक्त मॉडल पंजीयन कार्यालय के रूप में विकसित किया गया है। सेवा संकल्प अभियान के तहत विकसित इस कार्यालय में पंजीयन प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित बनाया गया है। अब व्यवस्था का केंद्र कार्यालय की प्रक्रिया नहीं, बल्कि नागरिक की सुविधा और आवश्यकता को बनाया गया है। संपत्ति की रजिस्ट्री किसी भी व्यक्ति और परिवार के लिए महत्वपूर्ण प्रक्रिया होती है। इसे ध्यान में रखते हुए पंजीयन कार्यालय में नागरिकों को अनावश्यक परेशानी और बार-बार कार्यालय आने की स्थिति से बचाने के लिए प्रक्रिया के विभिन्न चरणों को व्यवस्थित किया गया है।

प्रवेश से पंजीयन तक हर चरण में सुविधा

कार्यालय में प्रवेश करते ही नागरिकों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने के लिए हेल्प डेस्क एवं रिसेप्शन की व्यवस्था की गई है। दस्तावेजों की प्रारंभिक जांच की सुविधा होने से कमियों की जानकारी प्रक्रिया के शुरुआती चरण में ही मिल जाती है। इससे अंतिम चरण में होने वाली परेशानी और अनावश्यक समय की बचत होती है। भीड़ और कतार की व्यवस्था को सुचारु बनाने के लिए टोकन आधारित कतार प्रबंधन प्रणाली लागू की गई है। मुद्रांक शुल्क, पंजीयन शुल्क और आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी बोर्ड एवं डिजिटल डिस्प्ले के माध्यम से प्रदर्शित की जा रही है। डिजिटल एवं कैशलेस भुगतान की सुविधा से लेन-देन में पारदर्शिता बढ़ी है। मॉडल पंजीयन कार्यालय में प्रतिदिन औसतन 64 नागरिक सेवाएं प्राप्त कर रहे हैं, जबकि प्रतिदिन औसतन 16 दस्तावेजों का पंजीयन हो रहा है। नागरिकों का औसत प्रतीक्षा समय 15.33 मिनट दर्ज किया गया है। अब तक प्राप्त फीडबैक में 105 सकारात्मक नागरिक प्रतिक्रियाएं भी दर्ज की गई हैं।

मॉडल पंजीयन कार्यालय में नागरिकों की पूरी प्रक्रिया को 9 चरणों में व्यवस्थित किया गया है। इसमें कार्यालय में प्रवेश, हेल्प डेस्क से मार्गदर्शन, दस्तावेजों का प्री-चेक, टोकन प्राप्त करना, व्यवस्थित प्रतीक्षा, निर्धारित पंजीयन प्रक्रिया, डिजिटल अथवा कैशलेस भुगतान, दस्तावेज एवं स्टेटस की जानकारी और कार्य पूर्ण होने के बाद सम्मानजनक निकास शामिल है।

वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों के लिए विशेष व्यवस्था

नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए वातानुकूलित प्रतीक्षालय, आरामदायक लाउंज, चार्जिंग स्टेशन, स्वच्छ पेयजल और शौचालय जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों के लिए विशेष सहायता की व्यवस्था भी की गई है। नागरिक अपने अनुभव और सुझाव क्यूआर कोड के माध्यम से सीधे साझा कर सकते हैं।

तकनीक के साथ कार्यसंस्कृति में भी बदलाव

सेवाओं को निर्बाध बनाए रखने के लिए कार्यालय में समर्पित सर्वर रूम और मजबूत आईटी अधोसंरचना विकसित की गई है। मॉडल पंजीयन कार्यालय की व्यवस्था केवल आधुनिक सुविधाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि सरल प्रक्रिया, तकनीकी व्यवस्था, पारदर्शिता, जवाबदेही और नागरिकों के प्रति संवेदनशील व्यवहार को भी इसका हिस्सा बनाया गया है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सुशासन और नागरिक सुविधाओं को प्राथमिकता देने की दिशा में तथा वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी की पहल से विकसित रायगढ़ का मॉडल पंजीयन कार्यालय इस बात का उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है कि तकनीक, सुव्यवस्थित प्रक्रियाओं और संवेदनशील कार्यसंस्कृति के माध्यम से सरकारी सेवाओं को नागरिकों के लिए अधिक सरल, पारदर्शी और सुविधाजनक बनाया जा सकता है। यह व्यवस्था नागरिकों के समय का सम्मान करने और उन्हें बेहतर सेवा अनुभव प्रदान करने की दिशा में एक प्रभावी पहल के रूप में सामने आई है।