महिला स्व-सहायता समूह को मिला आजीविका का नया अवसर, बच्चों व माताओं को मिलेगा गुणवत्तापूर्ण पोषण आहार – श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े
पूरक पोषण आहार यूनिट का शुभारंभ

महिला स्व-सहायता समूह को मिला आजीविका का नया अवसर, बच्चों व माताओं को मिलेगा गुणवत्तापूर्ण पोषण आहार – श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े



महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने आज सूरजपुर जिले के विकासखंड ओड़गी अंतर्गत ग्राम पालदनौली में “पूरक पोषण आहार” निर्माण यूनिट का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं धात्री माताओं के बेहतर स्वास्थ्य और पोषण सुरक्षा के लिए सतत रूप से कार्य कर रही है। यह यूनिट कुपोषण उन्मूलन की दिशा में एक महत्वपूर्ण और परिणामोन्मुखी पहल है।
मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के “सुपोषित भारत” के संकल्प तथा मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार कुपोषण के विरुद्ध व्यापक अभियान चला रही है। पालदनौली में स्थापित यह यूनिट स्थानीय स्तर पर ताजा, गुणवत्तापूर्ण एवं पोषक आहार की उपलब्धता सुनिश्चित करेगी, जिससे बच्चों और माताओं के स्वास्थ्य में सकारात्मक सुधार आएगा।
इस यूनिट में मीठा शक्ति आहार एवं नमकीन पौष्टिक दलिया का निर्माण किया जाएगा। यूनिट का संचालन राधे महिला स्वयं सहायता समूह, पालदनौली द्वारा किया जाएगा। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पौष्टिक सामग्रियों से तैयार आहार आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से 6 माह से 6 वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं धात्री माताओं को नियमित रूप से उपलब्ध कराया जाएगा। इससे गुणवत्ता, ताजगी और समयबद्ध वितरण सुनिश्चित होगा।
मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों को उत्पादन एवं वितरण की जिम्मेदारी सौंपना महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सशक्त कदम है। इससे समूह की महिलाएं आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनेंगी तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। उन्होंने राधे महिला स्वयं सहायता समूह की सराहना करते हुए कहा कि समूह की महिलाएं अब केवल योजनाओं की हितग्राही नहीं, बल्कि सफल उद्यमी के रूप में उभर रही हैं।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने यूनिट का अवलोकन कर निर्माण प्रक्रिया की जानकारी ली तथा स्वच्छता, गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुरूप उत्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल क्षेत्र में कुपोषण उन्मूलन के प्रयासों को नई दिशा और गति प्रदान करेगी। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि, ग्रामीणजन एवं संबंधित विभागीय अधिकारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
cg24
