पुलिस भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्यवाही हो - डॉ. महंत

पुलिस भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्यवाही हो - डॉ. महंत
पुलिस भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्यवाही हो - डॉ. महंत

 छत्तीसगढ़ विधानसभा नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने पुलिस भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता का आरोप लगाते हुए कहा है कि माननीय उच्च न्यायालय द्वारा नियुक्तियों पर रोक लगाना कांग्रेस के आरोपों की पुष्टि करता है। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि प्रक्रिया निष्पक्ष थी, तो फिजिकल टेस्ट के सीसीटीवी फुटेज क्यों नष्ट किए गए। डॉ. महंत ने युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले जिम्मेदार चयन समिति के अधिकारियों पर तत्काल कड़ी कार्यवाही कीये जाने की मांग की है।

छत्तीसगढ़ विधानसभा नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि, प्रदेश में वर्ष 2024-2025 में पुलिस भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता तथा आर्थिक लेन देन की शिकायते मिलने पर विपक्षी दल कांग्रेस ने विधानसभा में प्रश्न के माध्यम से सरकार को वास्तिविक स्थिति स्पष्ट करने कहा था। सरकार द्वारा राजनांदगांव एवं बिलासपुर जिले में पुलिस भर्ती में गड़बड़ी एवं अनियमितता को लिखित में स्वीकार किया था, तथा अन्य जिलों में कोई गड़बड़ी नहीं होने की जानकारी दी गई थी।

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने बताया कि, अभ्यर्थियों द्वारा सरकार की पक्षपातपूर्ण पुलिस भर्ती प्रक्रिया को माननीय उच्च न्यायालय में चुनौती दी गई तथा फिजिकल टेस्ट की सी.सी.टी.वी. फुटेज सार्वजनिक करने की मांग की गई थी। यदि भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष थी तो सी.सी.टी.वी. फुटेज पुलिस विभाग द्वारा विनिष्टीकरण क्यों किया गया? माननीय उच्च न्यायालय द्वारा अपने फैसले में पूरे प्रदेश की भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी होने की जानकारी देते हुए नियुक्ति आदेश जारी करने पर रोक लगाकर कांग्रेस पार्टी द्वारा लगाए गए आरोप की पुष्टी कर दी है।

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि, सुशासन एवं जीरो टारलेन्स का नारा देने वाली भाजपा सरकार प्रदेश के युवाओं के भविष्य से खेल रही है। जिन युवाओं की उम्र भर्ती प्रक्रिया की अनियमितता के कारण अधिक हो जाएगी उसकी जिम्मेदारी किसकी होगी।

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि, सरकार को नैतिकता के नाते माननीय न्यायालय के आदेश के उपरान्त हर जिलों में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की बनी चयन समिति में नामांकित अधिकारियों के विरूद्ध तत्काल कार्यवाही करना चाहिए। जिससे भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।