*राज्योत्सव 2026: बीजापुर जिले के मुख्य अतिथि होंगे कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब*

*राज्योत्सव 2026: बीजापुर जिले के मुख्य अतिथि होंगे कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब*

*राज्योत्सव 2026: बीजापुर जिले के मुख्य अतिथि होंगे कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब*

*2 नवंबर को मिनी स्टेडियम, बीजापुर में आयोजित होगा राज्योत्सव समारोह*

बीजापुर / रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित राज्योत्सव 2026 के अंतर्गत 2 नवंबर को मिनी स्टेडियम, बीजापुर में जिला स्तरीय राज्योत्सव समारोह आयोजित किया जाएगा। इस समारोह में प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब जी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। राज्योत्सव के माध्यम से छत्तीसगढ़ की गौरवशाली संस्कृति, समृद्ध परंपराओं, ऐतिहासिक विरासत और विकास यात्रा को प्रदर्शित किया जाएगा। छत्तीसगढ़ राज्योत्सव प्रदेश की अस्मिता, स्वाभिमान और सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक है। यह अवसर राज्य निर्माण के बाद प्रदेश की विकास यात्रा को स्मरण करने के साथ ही यहां की विशिष्ट लोकसंस्कृति, लोककला, लोकगीत, लोकनृत्य और पारंपरिक विरासत को सम्मान देने का भी अवसर है। राज्योत्सव जैसे आयोजन प्रदेशवासियों को अपनी माटी और अपनी संस्कृति से जोड़ते हैं तथा नई पीढ़ी को छत्तीसगढ़ की परंपराओं और गौरवशाली इतिहास से परिचित कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

कैबिनेट मंत्री गुरु खुशवंत साहेब जी प्रदेश सरकार में कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। बीजापुर जिले में आयोजित राज्योत्सव समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उनकी उपस्थिति इस आयोजन को विशेष महत्व प्रदान करेगी। राज्योत्सव प्रदेश की सांस्कृतिक विविधता, सामाजिक सहभागिता और जनभागीदारी को प्रदर्शित करने का महत्वपूर्ण मंच है।राज्योत्सव केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की उपलब्धियों, संभावनाओं और उज्ज्वल भविष्य के संकल्प को साझा करने का भी अवसर है। प्रदेश की विविध सांस्कृतिक परंपराएं, जनजातीय विरासत और स्थानीय कला-संस्कृति छत्तीसगढ़ को विशिष्ट पहचान प्रदान करती हैं। ऐसे आयोजन इन परंपराओं के संरक्षण, संवर्धन और व्यापक प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। बीजापुर में आयोजित होने वाला यह समारोह जिलेवासियों को राज्य स्थापना दिवस के उत्सव से जुड़ने और छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत के प्रति गौरव व्यक्त करने का अवसर प्रदान करेगा। राज्योत्सव के माध्यम से प्रदेश की एकता, सामाजिक समरसता और विकास के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता का संदेश भी प्रसारित होगा।