धमतरी को मिली सौगात, खुली प्रदेश की पहली कयाकिंग अकादमी, इको-टूरिज्म और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
धमतरी। जिले में जल पर्यटन और साहसिक खेलों को बढ़ावा देने की दिशा में एक नई पहल शुरू हुई है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर रुद्री बांध परिसर में कयाकिंग अकादमी का शुभारंभ किया गया। इस पहल से जहां युवाओं को प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर मिलेंगे, वहीं रुद्री और गंगरेल क्षेत्र में इको-टूरिज्म को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर रुद्री बांध परिसर में कयाकिंग अकादमी का शुभारंभ नगर निगम धमतरी के महापौर रामू रोहरा ने किया। गंगरेल ब्लू एडवेंचर स्पोर्ट्स एसोसिएशन छत्तीसगढ़ और कर्मा महिला स्व-सहायता समूह रुद्री के सहयोग से शुरू हुई यह अकादमी जिले में जल आधारित साहसिक गतिविधियों को नई पहचान देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
जल क्रीड़ा गतिविधियों का किया जाएगा विस्तार- कलेक्टर
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने बताया कि आने वाले समय में यहां कयाकिंग के अलावा अन्य जल क्रीड़ा गतिविधियों का भी विस्तार किया जाएगा। जलाशय की जल गुणवत्ता में सुधार, प्रदूषण और दुर्गंध को जैविक तरीके से कम करने तथा जल क्रीड़ा स्थलों को स्वच्छ और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से बायो-क्यूब भी लगाए जाएंगे। इससे पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी। कयाकिंग अकादमी का उद्देश्य सिर्फ साहसिक खेलों को बढ़ावा देना नहीं है, बल्कि स्थानीय युवाओं को प्रशिक्षण देकर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना और महिला स्व-सहायता समूहों की भागीदारी बढ़ाना भी है। इससे स्थानीय स्तर पर पर्यटन आधारित आजीविका को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

कयाकिंग पर्यटकों के लिए बनेगा नया आकर्षण- महापौर
महापौर रामू रोहरा ने कहा कि रुद्री बांध की प्राकृतिक सुंदरता और मनोरम परिवेश को देखते हुए कयाकिंग पर्यटकों के लिए नया आकर्षण बनेगा। इससे धमतरी के पर्यटन मानचित्र पर रुद्री और गंगरेल क्षेत्र को नई पहचान मिल सकती है।
महापौर रामू रोहरा और कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने स्वयं कयाक में बैठकर चप्पू चलाया और कयाकिंग का रोमांचक अनुभव लिया। अकादमी का संदेश है—“Paddle Your Way to Adventure – Live Life One Stroke at a Time”, जो युवाओं में साहस, आत्मविश्वास और प्रकृति से जुड़ाव की भावना को बढ़ावा देने पर केंद्रित है।
रुद्री बांध में शुरू हुई यह कयाकिंग अकादमी धमतरी में साहसिक पर्यटन, जल क्रीड़ा और स्थानीय रोजगार के नए अवसरों का रास्ता खोल सकती है। आने वाले समय में यहां अन्य जल गतिविधियों के विस्तार से रुद्री और गंगरेल क्षेत्र पर्यटकों के लिए और अधिक आकर्षक बनने की उम्मीद है।


