करवा चौथ के पावन पर्व पर सुहागिन महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों एवं धार्मिक श्रद्धा के साथ की पूजा-अर्चना ।
छत्तीसगढ़ सिक्ख समाज की ओर से करवा चौथ की शुभकामनाएं, शंकर नगर की सुहागिनों ने की पूजा-अर्चना
करवा चौथ प्रेम, विश्वास, समर्पण और पति-पत्नी के अटूट रिश्ते का प्रतीक — सुखबीर सिंह सिंघोत्रा
रायपुर। करवा चौथ के पावन पर्व पर राजधानी रायपुर के शंकर नगर क्षेत्र की सुहागिन महिलाओं ने पारंपरिक रीति-रिवाजों एवं धार्मिक श्रद्धा के साथ करवा चौथ की पूजा-अर्चना की। महिलाओं ने करवा चौथ की कथा सुनी, करवा माता की पूजा की तथा अपने पति की लंबी आयु, उत्तम स्वास्थ्य, सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की मंगलकामना की। पूजा-अर्चना के उपरांत महिलाओं ने एक-दूसरे को करवा चौथ व्रत की बधाई एवं शुभकामनाएं दीं |

छत्तीसगढ़ सिक्ख समाज के प्रदेश अध्यक्ष सुखबीर सिंह सिंघोत्रा ने बताया कि करवा चौथ भारतीय संस्कृति और पारिवारिक परंपराओं से जुड़ा एक महत्वपूर्ण पर्व है। यह पर्व पति-पत्नी के बीच प्रेम, विश्वास, निष्ठा, त्याग और समर्पण की भावना को दर्शाता है। इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की दीर्घायु एवं सुखी दांपत्य जीवन की कामना करते हुए व्रत रखती हैं सुबह 4 बजे से उठकर स्नान के बाद पूजा कर व्रत की शुरुआत करती हैं और यह व्रत निर्जला व्रत होता है दिन भर सुहागन पानी तक ग्रहण नहीं करती और शाम को एक साथ एकत्रित होकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना करती हैं उन्होंने बताया कि करवा चौथ पर महिलाओं द्वारा पूजा की थालियों का आपस में आदान-प्रदान करने की परंपरा को ‘करवरा वटाना’ कहा जाता है। यह परंपरा आपसी स्नेह, सौहार्द, शुभकामनाओं और पारिवारिक एकता की भावना को प्रकट करती है। करवा चौथ की कथा का श्रवण, पूजा-अर्चना तथा तथा रात को चांद देखकर पति की पूजा कर उनके हाथ से जल ग्रहण कर व्रत संपूर्ण करती हैं |
चंद्र दर्शन के पश्चात व्रत खोलने की परंपरा इस पर्व को विशेष धार्मिक महत्व प्रदान करती है।

छत्तीसगढ़ सिक्ख समाज के प्रदेश अध्यक्ष सुखबीर सिंह सिंघोत्रा ने कहा कि पति-पत्नी का रिश्ता केवल एक सामाजिक बंधन नहीं, बल्कि प्रेम, विश्वास, आपसी सम्मान और जीवनभर एक-दूसरे का साथ निभाने का संकल्प है। परिवार की सुख-शांति और खुशहाली के लिए पति-पत्नी दोनों का एक-दूसरे के प्रति सहयोग, सम्मान और जिम्मेदारी का भाव रखना आवश्यक है। ऐसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक पर्व हमारी पारिवारिक परंपराओं को जीवंत बनाए रखने के साथ नई पीढ़ी को भी भारतीय संस्कृति और संस्कारों से जोड़ते हैं।
छत्तीसगढ़ सिक्ख समाज की ओर से करवा चौथ के पावन अवसर पर सभी सुहागिन महिलाओं को हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उनके सुखी दांपत्य जीवन, परिवार की खुशहाली, सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की मंगलकामना की गई। यह पर्व सभी परिवारों के जीवन में प्रेम, विश्वास, आपसी सद्भाव और खुशियों का संचार करे।