State News
  • छत्तीसगढ़: बीजेपी नेत्री गिरफ्तार…रेप पीड़िता का अपहरण करने का आरोप...पढ़िए पूरी खबर

    राजनांदगांव। पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के पूर्व ओएसडी ओपी गुप्ता द्वारा कथित दुष्कर्म की शिकार पीड़िता समेत परिजनों को अपहृत किए जाने के मामले में फरार बस्तर की पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जबिता मंडावी को नांदगांव पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

    भाजपा नेत्री मंडावी पर पीड़िता और उसके परिवार के सदस्यों को जबरिया अपहरण कर ओडिशा में गोपनीय जगह में रखने का आरोप है। पीड़िता की शिकायत के बाद मोहला पुलिस ने ओपी गुप्ता के भाई और चार लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस पूरे मामले में मंडावी पर अपहरण का मामला दर्ज किया था। एसपी जितेन्द्र शुक्ला ने को बताया कि फरार महिला को गिरफ्तार कर आज न्यायालय में पेश किया जा रहा है। इधर, एसपी के पदभार ग्रहण करने के बाद पुलिस ने आरोपी महिला की खोजबीन शुरू कर दी थी। बताया जाता है कि रेप पीड़िता पर अदालती कार्रवाई में बयान बदलने का दबाव बढ़ाने के लिए अपहरण किया गया था।

    जबिता मंडावी पर आरोप है कि स्थानीय बालिका सुधार गृह से परिजनों के साथ घर जाने के लिए निकली रेप पीड़िता को बलपूर्वक अपने कब्जे में कर लिया और पीड़िता समेत माता-पिता और रिश्तेदारों को ओडिशा के नयागढ़ में बंधक बनाकर रखा। पीड़िता के परिजनों की शिकायत पर मोहला पुलिस ने छानबीन शुरू की और इसके बाद अपहृत पीड़िता और परिजनों को छुड़ाया गया।

  • BREAKING NEWS : छत्तीसगढ़ में मिले 3 नए मरीज...प्रदेश में एक्टिव मरीजों की संख्या 89

    रायपुर। छत्तीसगढ़ में कोरोना वायरस का संक्रमण तेजी से पैर पसार रहा है. प्रदेश में अभी-अभी फिर 3 नए पॉजिटिव मरीज मिले है. अब कोरोना ने बलरामपुर जिले में भी दस्तक दे दी है. तीन नए मरीजों में से कांकेर 1, बिलासपुर 1 और बलरामपुर में 1 नए मरीज़ मिलने की राज्य कोरोना कंट्रोल डेस्क ने पुष्टि की है. इनकी भर्ती की प्रक्रिया जारी है. प्रदेश में फिर सक्रिय मरीजों की संख्या 89 हो गई है.

  • 6000 रू. प्रति किसान 3 किस्तों में देने वाले प्रति एकड़ 10000 रू. देने वालो से सवाल पूछ रहे है : मोहन मरकाम
    भाजपा की केन्द्र सरकार किसान सम्मान निधी किस्तों में ही देती है
     
    किसान विरोधी भाजपा को कांग्रेस पर सवाल उठाने का कोई अधिकार नही है
     
    कोरोना संकट लाॅकडाउन के कारण राज्य वित्तीय संकट का सामना कर रहा है
     
    इसके बावजूद कांग्रेस सरकार ने किसानों के लिये 1500 करोड़ रू. जारी किये
     
    रायपुर/22 मई 2020। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि जिस भाजपा ने अपने शासनकाल में न किसानों को 2100 रू. समर्थन मूल्य दिया, न 5 साल 300 रू. बोनस दिया, न 5 हासपावर पंपो को मुफ्त बिजली का वादा निभाया न किसानों की कर्जमाफी की, वह किस मुंह से कांग्रेस सरकार पर सवाल खड़े करती है। छत्तीसगढ़ के किसान कभी इस बात को नहीं भूल सकते है कि इस साल 2500 रू. धान का दाम देने में भाजपा की ही केन्द्र सरकार ने ही रूकावट डाली है। भाजपा अपने गरेबान में झांककर देखे पहले। कोरोना संकट लाॅकडाउन के कारण उत्पन्न वित्तीय संकट में राज्य की राजस्व आय में कमी आयी है। इसके बावजूद कांग्रेस सरकार ने किसानों को 1500 करोड़ रू. जारी किये है। 
     
    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि किसानों से वादाखिलाफी और किसान विरोधी आचारण भाजपा का चरित्र है और उस किसान विरोधी भाजपा की केन्द्र सरकार किसान सम्मान निधी किस्तों में ही देती है। 2013 के विधानसभा चुनाव में भाजपा छत्तीसगढ़ में सरकार बनने पर किसानों के धान की कीमत 2100 रुपया प्रति क्विंटल और 300 रुपया बोनस देने का वादा किया था ठीक उसी तरह 2014 लोकसभा चुनाव में किसानों से केंद्र में भाजपा की सरकार बनने पर स्वामीनाथन कमेटी की सिफारिश के अनुसार लागत मूल्य का डेढ़ गुना समर्थन मूल्य देने,महंगाई कम करने,किसानों की आय दुगुनी करने का वादा किया था। लेकिन 2013 में बनी रमन सिंह की सरकार और 2014 में बनी मोदी की सरकार ने  किसानों से वादाखिलाफी कर किसानों के साथ अन्याय किया। मोदी सरकार ने रासायनिक  खादों के दामों में बेतहाशा वृद्धि कर , सस्ते डीजल को महंगे दामों में बेचकर मुनाफाखोरी कर  महंगाई की मार झेल रहे कर्ज से दबे हताश परेशान मजबूर देशभर के किसानों को लगातार नुकसान पहुंचाया है। 
     
    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि किसान सम्मान निधि के नाम से निरंतर किसानों का अपमान तो भाजपा की मोदी सरकार कर रही है। भाजपा नेताओं पर तंज कसते हुये प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि किसानो की इतनी ही चिंता है तो भाजपा नेता केन्द्र सरकार को छत्तीसगढ़ राज्य के लिये 30 हजार करोड़ के लिये वित्तीय पैकेज देने के लिये क्यों नहीं कहते?
     किस्तों पर भाजपा नेताओं के सवालों को खारिज करते हुये प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि इस समय प्रदेश की अर्थव्यवस्था बड़े खर्च की अनुमति नहीं दे रही है। विपरीत परिस्थितियों में कोरोना लाकडाउन के कारण वित्तीय संकट के बावजूद छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार ने दृढ़ संकल्प के साथ गरीब, मजदूर, किसानों की मद्द के लिये कदम आगे बढ़ाये है जो दूरदर्शी सोच का हिस्सा है। दरअसल किसानों को खेती के लिये पैसों की जरूरत एकमुश्त नहीं होती। समय-समय पर खर्च करने की आवश्यकता होती है और उसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुये समय-समय पर उनके खाली हाथ को मलने से बचाने के लिये किस्तों का फैसला लिया गया। जाहिर है, इससे खेती का काम नहीं रूकेगा और समय पर किसान अपने कृषि कार्य को पूरा कर सकेंगे।  
     
    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि विगत 18 माह में लगातार कांग्रेस की भूपेश सरकार द्वारा अपने हर महत्वपूर्ण संकल्प पर अमल का सिलसिला जारी है। पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की पुण्य तिथि पर कांग्रेस सरकार ने राजीव गांधी किसान न्याय योजना का आगाज कर कारोना संकट में किसानों को बड़ी राहत पहुंचाने का काम किया है। पूरे प्रदेश मंत्रीमंडल के साथ-साथ इस अवसर पर विडियो कान्फ्रेंसिग में पार्टी के प्रमुख सोनिया गांधी, राहुल गांधी, छत्तीसगढ़ के प्रभारी पी.एल. पुनिया, छत्तीसगढ़ के प्रभारी सचिव डाॅ. चंदन यादव, प्रदेश कांग्रेस पदाधिकारीगण भी किसानों को मिले इस न्याय के साक्षी बने। 
     
    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा है कि कोरोना काल में यह राहत बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि वास्तव में किसानों को इसकी जरूरत थी। यह समय खेती किसानी की शुरूआत है, बोवई का काम सामने है। लाॅकडाउन ने देश की अर्थव्यवस्था के साथ किसान-मजदूरों की रीढ़ पर भी प्रहार किया है। आज किसान को अपनी दीगर जरूरतों के साथ-साथ खेती के शुरूआती खर्चे की आवश्यकता थी। ऐसे विकट समय में सरकार ने प्रति एकड़ दस हजार की प्रोत्साहन राशि देकर न केवल उनकी जरूरतों को पूरा करने कदम बढ़ाया, बल्कि उनकी सालाना आमदनी के जरिए में बोनी की तैयारी में मदद् पहुंचाने का काम किया है। किसान न्याय योजना मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सकारात्मक सोच और संवेदनशीलता का परिणाम है। योजना से वंचित हो रहे लोगो को जोड़ने के लिए इसमें दो बड़े संशोधन भी किए हैं पहला उन्होंने योजना का दायरा बढ़ा दिया। पहले योजना में केवल धान उत्पादकों के लिये बोनस यानी प्रोत्साहित राशि का ऐलान किया गया था। लेकिन बाद में उन्होंने सभी फसलों को इसमें शामिल कर लिया। खरीफ में इस धान के आलावा मक्का, सोयाबीन, मूंगफली तिल, अरहर, और यहां तक कि गन्ना और कोदो-कुटकी को बिना शोर मचाये शामिल कर बता दिया कि गरीबों, मजदूरों, किसानों के साथ कांग्रेस सरकार खड़ी है। कोरोना संकट से जूझ रहे भूमिहीन कुषि मजदूरों को भी इस योजना के दायरे में शामिल करने का फैसला कर भूपेश बघेल सरकार ने उनकी भी पीड़ा दूर करने की पहल की।
  • 31 मई को अंतर्राष्ट्रीय धुम्रपान निषेध दिवस

    धुम्रपान से होने वाले दुष्परिणामों के प्रति समाज में जन चेतना विकसित करने हेत प्रतिवर्ष 31 मई को अन्तर्राष्ट्रीय धुम्रपान निषेध दिवस का आयोजन किया जाता है। जिससे जन सामान्य में धुम्रपान और तम्बाकू सेवन करने की प्रवृत्ति की रोकथाम हो सके। तम्बाकू या तम्बाकू से निम्रित विभिन्न उत्पादों के सेवन से सभी वर्गो में गंभीर व्यधियां होती है जो सभी के लिए चिंता का विषय है। इस प्रवृत्ति के विरूद्ध व्यापक जन चेतना विकसित करने हेतु संचालनालय समाज कल्याण विभाग के निर्देषानुसार जिला प्रषासन द्वारा तम्बाकू सेवन के दुष्प्रभाव पर चर्चा व उसके दुष्प्रभाव की जानकारी समुदाय में प्रचारित करना, समुदाय के सहयोग से नषामुुक्ति रैली, नुक्कड़ सभाएं तथा नषामुक्ति हेतु विभिन्न प्रतियोगिताएं, विषयांतर्गत सांस्कृतिक कार्यक्रम, नषामुक्ति साहित्य का वितरण, नषामुक्ति प्रदर्षनी का आयोजन, आकाषवाणी एवं दूरदर्षन से विषयांतर्गत प्रेरक नाटक, गीत, परिचर्चा आदि का जनहित में निःषुल्क प्रसारण एवं संभव योगाचार्यों के मार्गदर्षन में योगाभ्यास का प्रदर्षन तथा इससे होने वाले लाभ पर व्याख्यान कार्यक्रम करने का निर्देष है। उक्त कार्यक्रमों के लिए सभी विभागों, जन सामान्य, पत्रकारों, स्वैच्छिक संस्थाओं, प्रतिष्ठित नागरिकों और जन प्रतिनिधियों को सहयोग लेकर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रमों का आयोजन नोवल कोरोना कोविड-19 वायरस के संक्रमण की रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु भारत सरकार एवं छत्तीगढ़ शासन स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी दिषा निर्देषों का पालन करते हुए किया जाएगा।

  • विवाह और अन्तिम संस्कार की अनुमति के लिए तहसीलदार अधिकृत : विवाह में 10 और अंतिम संस्कार के लिए एक समय मे अधिकतम 20 व्यक्ति हो सकेंगे शामिल

    कलेक्टर डॉ.एस.भारतीदासन ने लॉकडाउन अवधि में रायपुर जिला के अंतर्गत संबंधित तहसीलदार को उनके क्षेत्र के लिए संबंधित व्यक्तियों द्वारा आवेदन प्रस्तुत करने पर विवाह हेतु नियमानुसार अनुमति प्रदान करने हेतु अधिकृत किया है।

    इसके अनुसार रायपुर तहसील के लिए अमित कुमार बेक,तिल्दा तहसील के लिए  राकेश ध्रुव ,आरंग तहसील के लिए  नरेंद्र कुमार बंजारा और अभनपुर तहसील के लिए शशीकांत कुर्रे को अधिकृत किया गया है।

         उन्होंने यह भी निर्देशित किया है कि विवाह हेतु फिजिकल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए एक समय में अधिकतम 10 व्यक्तियों को उपस्थित रहने की अनुमति प्रदान की जा सकती है।इसी तरह संबंधित तहसीलदार फिजिकल डिस्टेंसिंग का पालन कराते हुए एक समय में अधिकतम 20 व्यक्तियों को उपस्थित रहने की शर्त के साथ अंतिम संस्कार हेतु भी अनुमति प्रदान कर सकते हैं

  • केन्द्रीय खाद्य मंत्री रामविलास पासवान ने की छत्तीसगढ़ में खाद्यान्न वितरण व्यवस्था की सराहना : खाद्य मंत्रीभगत ने सेंट्रल पूल में 8 लाख मीट्रिक टन अतिरिक्त चावल लेने एवं शक्कर का अतिरिक्त आबंटन देने किया अनुरोध

    बीपीएल के सामान एपीएल कार्डधारियों को भी सस्ता खाद्यान्न देने का आग्रह

    केन्द्रीय खाद्य मंत्री से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में हुई चर्चा

      

    केन्द्रीय खाद्य मंत्री रामविलास पासवान ने देशव्यापी लॉकडाउन के दौरान देश के विभिन्न राज्यों में खाद्यान्न व्यवस्था की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा की। श्री पासवान ने लॉकडाउन के दौरान कोरोना वायरस के संक्रमण से सुरक्षा के लिए छत्तीसगढ़ में किए गए प्रभावी उपायों और खाद्यान्न वितरण व्यवस्था की सराहना की। श्री पासवान ने कहा कि छत्तीसगढ़ में लोगों को खाद्यान्न उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। छत्तीसगढ़ में पहुंचने वाले प्रवासी श्रमिकों के लिए परिवहन, भोजन और स्वास्थ्य की समुचित व्यवस्था प्रशंसनीय है।
        खाद्य मंत्री  अमरजीत भगत ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चर्चा के दौरान कहा कि छत्तीसगढ़ से 24 लाख मीट्रिक टन चावल सेंट्रल पूल में लेने की अनुमति मिली है। इसे बढ़ाकर 32 लाख मीट्रिक टन करने का अनुरोध केन्द्रीय खाद्य मंत्री से किया। श्री  पासवान ने सेंट्रेल पूल में चावल 8 लाख मीट्रिक टन बढ़ाने के संबंध में सकारात्मक जवाब दिए हैं। एफसीआई ने भी अतिरिक्त चावल लेने पर सहमति जतायी है। श्री भगत ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत गरीब परिवारों को दी जा रही प्रति सदस्य 5 किलो निःशुल्क चावल को तीन महीने और बढ़ाने का आग्रह किया है। उन्होंने छत्तीसगढ़ के बीपीएल कार्डधारी परिवारों के समान ही एपीएल कार्डधारी सामान्य परिवारों को भी सस्ता चावल देने का आग्रह किया। श्री भगत ने कहा कि लॉकडाउन के बाद राज्य में लगभग 40 हजार नये राशन कार्ड बने हैं, जो अन्य राज्यों से वापस आये प्रवासियों के थे। इन राशनकार्डो पर भी प्रवासी मजदूरों को भारत सरकार की योजना का लाभ दिया जाए। श्री भगत ने छत्तीसगढ़ की शक्कर कारखानों से राज्य के लिए शक्कर का कोटा पीडीएस के माध्यम से वितरण के लिए अलग से देने का अनुरोध किया है। श्री भगत ने बताया कि छत्तीसगढ़ में चने का वितरण माह अप्रैल के लिए हो गया है और मई का वितरण किया जा रहा है। प्रदेश में देश के अन्य राज्यों से आने वाले प्रवासी श्रमिकों को भी खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रदेश में कही भी खाद्यान्न की कमी नही है। श्री भगत ने केन्द्रीय मंत्री को छत्तीसगढ़ के लिए किए गए सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। इस अवसर पर खाद्य विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, विशेष सचिव  मनोज कुमार सोनी, एमडी नान  निरंजन दास सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।  

  • लोक निर्माण विभाग द्वारा 337 महत्वपूर्ण भवनों का निर्माण पूर्ण

    लोक निर्माण मंत्री ताम्रध्वज साहू ने बताया कि विभाग द्वारा पिछले वित्तीय वर्ष 2019-20 में विभिन्न विभागों के 337 महत्वपूर्ण भवनों का निर्माण पूर्ण किया गया। इनमें विशेष प्रयोजन के लिए प्रदान की गई राशि (बजटेड भवन कार्यों) के तहत 151 भवन और जमा मद भवन कार्यों के तहत 186 भवन शामिल है।

        मंत्री श्री साहू ने बताया की दोनों मदों के अर्न्तगत पूर्ण किए गए भवनों में मुख्य रूप से बिलासपुर में राज्य खेल प्रशिक्षण केन्द्र में निर्मित इंडोर स्टेडियम में अकाउस्टिक एवं एयर कंडिशनिंग, रायपुर के केन्द्रीय जेल मंे पचास-पचास बंदी क्षमता के 12 बैरकों का निर्माण, रायपुर जिला न्यायालय भवन के चौथे एवं पांचवे तल पर अतिरिक्त कोर्टरूम का निर्माण, बैकुण्ठपुर में नवीन जिला न्यायालय भवन, अंबिकापुर में जिला कार्यालय भवन और बलरामपुर में सर्किट हॉउस का निर्माण शामिल है। इसी तरह नवा रायपुर  में ड्रायविंग ट्रेनिंग एण्ड रिसर्च संस्थान, भोरमदेव में अनुसूचित जनजाति कन्या शिक्षा परिसर, बेमेतरा और डोंगरगढ़ में शासकीय महाविद्यालय, रामानुजगंज, बीजापुर, बैकुण्ठपुर एवं जशपुर में पॉलीटेक्निक भवन, देवभोग, नरहरपुर, पोड़ी, बडेराजपुर, भटगांव, लखनपुर, दुर्गकोंदल एवं शंकरगढ़ में आई.टी.आई भवन और तिल्दा विकासखंड के खपरीकला, कसडोल विकासखंड के अर्जुनी, कुरूद विकासखंड के कचना एवं बगौद में उच्च्तर माध्यमिक विद्यालय तथा धरसींवा विकासखंड के चौबे कॉलोनी एवं फुण्डहर में कन्या उच्च्तर माध्यमिक विद्यालय का निर्माण कार्य शामिल है।
    पिछले वित्तीय वर्ष 2019-20 में पूर्ण किये गए कार्योें में कांकेर जिले के नरहरपुर आई.टी.आई में 100 सीटर और डोंगरगांव आई.टी.आई. में 50 सीटर छात्रावास, बस्तर, कोण्डागांव, धमतरी एवं बालोद जिलों के लाइवलीहुड कॉलेजों में 50 सीटर बालिका छात्रावास के साथ ही अधीक्षिका के लिए कार्यालय सह निवास एवं चौकीदार के लिए आवास गृहों का निर्माण, खोकसा एवं पिरदा में 50 सीटर आदिवासी कन्या आश्रम, बगीचा विकासखण्ड के कसडोल एवं सन्ना मंे 50 सीटर पोस्ट मैट्रिक आदिवासी बालक छात्रावास और रायगढ जिले के मोरा़ एवं जजावल में 50 सीटर प्री-मैट्रिक आदिवासी बालक छात्रावास, बलरामपुर, सुकमा और बालोद जिले में जीएडी आवास गृहों का निर्माण और चन्द्रपुर, सारंगढ़, मानपुर तथा डुण्डेरा में विश्राम गृहों का निर्माण शामिल है।

     
  • राज्यपाल ने बेमेतरा सड़क दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया

    राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके ने बेमेतरा जिले के टेमरी गांव में कल घटी सड़क दुर्घटना में 2 मजदूरों की मृत्यु पर गहरा दुख व्यक्त किया है। राज्यपाल ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने इस हादसे में घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है।

     
  • दो सिंचाई योजनाओं के लिए 24.39 करोड़ स्वीकृत

    राज्य शासन के जल संसाधन विभाग ने दो सिंचाई योजनाओं के लिए 24 करोड़ 39 लाख 11 हजार रूपये स्वीकृत किए हैं। स्वीकृत इन सिंचाई योजनाओं के अंतर्गत महासमुंद जिले के विकासखंड सरायपाली की बोईरमाल व्यापवर्तन योजना के निर्माण के लिए 11 करोड़ 56 लाख 57 हजार रूपये की पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति तथा बलौदाबाजार जिले के लिलार व्यापवर्तन योजना के शीर्ष एवं नहरों के जीर्णोद्धार तथा नहर लाइनिंग कार्य के लिए 12 करोड़ 83 लाख 54 हजार रूपये की संशेधित प्रशासकीय स्वीकृति मुख्य अभियंता महानदी गोदावरी कछार जल संसाधन विभाग रायपुर को दी गई है। प्रशासकीय स्वीकृति आदेश जलसंसाधन विभाग मंत्रालय महानदी भवन नवा रायपुर से जारी कर दिये गये है।

     
  • कोरिया : कोविड-19 के संबंध में तथ्यहीन एवं भ्रामक जानकारी न दी जाये-कलेक्टर

    कलेक्टर  डोमन सिंह ने कोविड-19 के संबंध में तथ्यहीन तथा भ्रामक जानकारी सोशल मीडिया में प्रसारण न करने की अपील की है तथा ऐसा करते पाये जाने पर उनके विरूध्द एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्यवाही किये जाने की बात कही। श्री सिंह ने बताया कि चिरमिरी में कोरोना संक्रमित मरीज की पत्नि एवं बच्चे सहित 43 लोगों की जांच रिपोर्ट नेगेटिव आयी है। प्रत्यक्ष संपर्क में आये 57 लोगों में से 14 की रिपोर्ट आनी बाकी है।
    कलेक्टर ने जिले में पेड क्वारेंटाइन सेंटर की जानकारी देते हुए बताया कि मनेन्द्रगढ में राजस्थान भवन स्टेशन रोड, हरियाणा भवन तहसील के सामने, अग्रसेन धर्मशाला सिविल कोर्ट के पास, श्री रामटेकचंद जैन धर्मशाला भगत सिंह चौक, वीणा लॉज रेल्वे फाटक रोड एवं सेंट्रल लॉज रेल्वे फाटक रोड में पेड क्वारेंटाइन सेंटर बनाये गये हैं। कुल 132 व्यक्तियों की क्षमता है। इसी तरह बैकुण्ठपुर के मंगलम होटल को पेड क्वारेंटाइन सेंटर बनाया गया है। यहां एसी एवं नान एसी कक्ष की सुविधा है। शासकीय कर्मचारियों की ड्यूटी भी इन क्वारेंटाइन सेंटरों में लगा दी गई है ताकि उन रह रहे लोगों की सतत निगरानी हो सके।

  • मुख्यमंत्री श्री बघेल के निर्देश पर छत्तीसगढ़ में एक खिड़की प्रणाली ‘सी.जी. आवास‘ लागू : आवासीय कॉलोनी के अनुमोदन की प्रक्रिया हुई सुगम और पारदर्शी

    अब 100 दिन के भीतर मिलेगी सभी अनुमतियां: कार्यालयों के चक्करों से मिली मुक्ति

    पोर्टल और एस.एम.एस. से आवेदन की स्थिति की मिलेगी जानकारी

    रायपुर, 22 मई 2020

    मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल ने प्रदेश में आवासीय कालोनियों के विकास की प्रक्रिया को सरलीकरण करने के निर्देश दिए थे। जिसके तहत आवास एवं पर्यावरण विभाग द्वारा आवासीय कॉलोनी के अनुमोदन की प्रक्रिया में तेजी लाने और इसे सुगम बनाने के लिए एकल खिड़की प्रणाली ‘सी.जी. आवास‘ विकसित किया गया है। एकल खिड़की प्रणाली से अब समस्त अनुमति 100 दिवस के अंदर पूर्ण कर ली जाएगी। कॉलोनाईजर-आवेदक द्वारा अपने स्वामित्व की भूमि की चर्तुसीमा के अंतर्गत खसरे को एकीकृत कर प्रस्तुत नहीं किये जाने पर खसरा एकीकरण हेतु 40 दिन का अतिरिक्त समय दिया जाएगा। इस प्रक्रिया के तहत् आवेदक को अब बार-बार किसी भी दफ्तर में जाने की आवश्यकता नहीं होगी। पहले आवासीय कॉलोनी के विकास की अनुज्ञा प्राप्त करने के लिए जहां डेढ़ से दो साल का समय लग जाता था, वहीं अब इसकी समय-सीमा तय कर दी गई है और आवेदकों को 100 दिन के भीतर विकास अनुज्ञप्ति मिल जाएगी। इसके तहत भू-व्यपवर्तन प्रमाण पत्र, अनुमोदित अभिन्यास, कॉलोनी विकास की अनुमति की स्वीकृति सभी एकल खिड़की के माध्यम से प्राप्त होगी। आवेदक को पोर्टल पर एवं एस.एम.एस. के माध्यम से आवेदन की स्थिति की जानकारी समय-समय पर प्राप्त होती रहेगी। इस प्रणाली से जहां प्रक्रिया की पुनर्रावृत्ति नहीं होगी वहीं अधिकारियों की जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी। प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी और नयी तकनीक से लागों के समय में बचत होगी।

       सी.जी.आवास के तहत अब 21 मई 2020 से इस प्रक्रिया से जुड़े सभी संबंधित विभाग अपने कार्यालय में आवासीय कॉलोनी की अनुज्ञा से संबंधित कोई भी आवेदन नहीं लेंगे। इन विभागों में अब सी.जी. आवास के माध्यम से ही आवेदन जमा कराया जाना है। इसके तहत अब कॉलोनी के विकास के लिए आवेदन छत्तीसगढ़ के किसी भी स्थान से सर्विस प्लस पोर्टल के माध्यम से सी.जी. आवास द्वारा किया जा सकेगा।

       मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल ने प्रदेश में कॉलोनी विकास की प्रक्रिया को सरलीकृत किये जाने के लिए एकल खिड़की प्रणाली लागू करने के निर्देश दिए थे तथा इसके लिए आवास एवं पर्यावरण विभाग को इन अनुमतियो की प्रक्रिया को पारदर्शी और सरलीकृत बनाये जाने हेतु नोडल विभाग बनाया था। मुख्यमंत्री के निर्देश के पश्चात् शासन द्वारा समिति का गठन कर वर्तमान प्रणाली का अध्ययन कर सुधारात्मक उपयुक्त प्रणाली विकसित करने हेतु सुझाव दिये गये थे। समिति के सुझाव के आधार पर आवास एवं पर्यावरण विभाग द्वारा एन.आई.सी. के माध्यम से सॉफ्टवेयर तैयार किया गया । मुख्यमंत्री श्री बघेल द्वारा बीते 25 नवम्बर  को एकल खिड़की प्रणाली के संचालन के लिए सीजी आवास( C.G.automated work flow and approval system )  सॉफ्टवेयर का उद्घाटन किया गया। तत्पश्चात् एकल खिड़की प्रणाली के सुचारू संचालन के लिए संबंधित विभागों द्वारा अधिनियम-नियमों में चाहे गये वांछित संशोधनों को संशोधित कर इसमें समाहित किया गया है।
       छत्तीसगढ़ शासन द्वारा एक खिड़की प्रणाली के सुव्यवस्थित संचालन के लिए प्रत्येक जिले के अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। प्रत्येक आवेदन एडीएम के माध्यम से संबंधित विभागों को अग्रिम कार्यवाही के लिए अग्रेषित किया जाएगा तथा संबंधित विभागों से अनुमति प्राप्त होने पर एडीएम के माध्यम से ही सभी विभागों की अनुमतियों की अंतिम स्वीकृति प्रदान की जाएगी। जिले के संबंधित कलेक्टर द्वारा उपरोक्त प्रक्रियां के तहत् प्राप्त आवेदनों की समीक्षा जिले में हर सप्ताह होने वाली समय-सीमा की बैठक में की जाएगी।

  • .विशेष अनुमति लेकर पुत्र अमित जोगी ने आगे बढ़ाया पिता की वर्षों पुरानी परम्परा .....इफ्तार के सांकेतिक रुप से आयोजित कियेअस्पताल में रहकर भी अजीत जोगी निभाये इफ्तार देने की परंपरा गये दुआओं में  अमित जोगी मौजूद रहे।
     प्रथम मुख्यमंत्री अजीत जोगी पिछले 10 दिनों से अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे हैं। उन्हें दवा के साथ दुआओं की भी जरूरत है, लिहाजा प्रदेश भर में उनके समर्थक और शुभचिंतकों की तरफ से धार्मिक अनुष्ठान के माध्यम से उनके स्वस्थ्य होने की कामना की जा रही है। रमजान के पाक महीने में अजीत जोगी की तरफ से हर साल बंगले में 27वें रोजा के दिन इफ्तार की दावत दी जाती थी। ऐसे मुश्किल दौर में जब एक तरफ कोरोना संकट है और दूसरी तरफ अजीत जोगी का खराब स्वास्थ्य हैं, तो भी उस परंपरा को जारी रखा पुत्र अमित जोगी ने। 
     
     
    अस्पताल से विशेष अनुमति लेकर आज अस्पताल परिसर में ही सांकेतिक रूप से इफ्तार की दावत दी गयी है। इसमें चुनिंदा 10 लोगों को बुलाया गया है। मुस्लिम वर्ग के लोगों के साथ कुछ अन्य लोगों को भी बुलाया गया है। इस दौरान रेणु जोगी, अमित जोगी भी मौजूद रहे। इस दौरान अजीत जोगी की सेहत की दुआ मांगी गई।
     
    आपको बता दें कि कार्डिक अरेस्ट के बाद से ही अजीत जोगी कोमा में चल रहे हैं, उनके अन्य अंग तक ठीक से काम कर रहे हैं, लेकिन मस्तिष्क की गतिविधि ना के बराबर हैं। जिसे सामान्य करने में डाक्टर जुटे हुए हैं। इस दौरान लोरमी विधायक धर्मजीत सिंह, बलौदाबाजार विधायक प्रमोद शर्मा, पूर्व विधायक आरके राय, प्रदेश महामंत्री महेश देवांगन, जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश देवांगन, यूथ बिग्रेड के अध्यक्ष प्रदीप साहू, राहिल रउफी, समीर अहमद बबला, रायपुर ज़िलाध्यक्ष ओम् प्रकाश देवाँगन,भिलाई जिलाध्यक्ष जहीर खान,अजीज मामदानी,पंकज तिवारी,डा. यूसुफ़ खान,वाहब भाई,अशोक सोनवानी,फ़िरोज़ अहमद,एवज देवाँगन,सूर्यकांत तिवारी,बलदाऊ मिश्रा,निलेश चौहान,अजय पल,ईश्वर उपाध्याय, भागवत यादव  सहित कई लोग मौजूद रहे।
     
    अमित जोगी ने ट्वीट कर कहा कि "मेरे वालिद जनाब अजीत जोगी जी की जानिब से पिछले 34 सालों से हर साल 27वाँ रोज़ा इफ्त़ार कराया जाता है। इस समय वे बीमार हैं। उनके इस नेक काम को जारी रखते हुए मैंने अस्पताल में ही रोज़दारों के साथ इफ़्तार किया और हम सबने उनके सेहतमन्द होने की दुआ करी।”